Skip to main content

प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गांधी ‘लाइफटाइम एचीचमेन्ट अवार्ड’ से सम्मानित

 

प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गांधी लाइफटाइम एचीचमेन्ट अवार्ड से सम्मानित

लखनऊ, 15 दिसम्बर। सिटी मोन्टेसरी स्कूल के संस्थापक एवं प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गाँधी को शिक्षा के क्षेत्र में अतुलनीय योगदान हेतुजीवन गौरव पुरस्कार (लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड) से सम्मानित किया गया है। एम.आई.टी. वल्र्ड पीस यूनिवर्सिटी, पुणे द्वारा आज आॅनलाइन आयोजित चतुर्थ राष्ट्रीय शिक्षक समारोह के अवसर पर डा. जगदीश गाँधी को इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा गया। इस भव्य समारोह का आयोजन महाराष्ट्र सरकार एवं यूनेस्को (संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक और सांस्कृतिक संगठन) के सहयोग से किया जा रहा है। इस अवसर पर श्री मुरली मनोहर जोशी, पूर्व संसद सदस्य, डा. नजमा हेपतुल्ला, गवर्नर, मणिपुर, पद्म विभूषण डाॅ. आर.. माशेलकर, चांसलर, इंस्टीट्यूट आॅफ केमिकल इंस्टीट्यूशन, मुम्बई, डा. के. कस्तूरीरंजन, पूर्व प्रमुख, भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो), श्री एरिक फाल्ट, डायरेक्टर आॅफ यूनेस्को, नई दिल्ली, प्रोफेसर डा. आर.एम. चिटनिस, प्रो-वाइस चांसलर, एम.आई.टी. वल्र्ड पीस यूनिवर्सिटी समेत कई गणमान्य हस्तियों ने समारोह की गरिमा को बढ़ाया।

            सी.एम.एस. के मुख्य जन सम्पर्क अधिकारी हरि ओम शर्मा ने बताया कि सम्मान समारोह में डा. गाँधी के व्यक्तित्व कृतित्व पर एक फिल्म का प्रदर्शन किया, जिसमें शिक्षा के क्षेत्र में डा. गाँधी के 63 वर्षीय योगदान पर प्रकाश डाला गया। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री मुरली मनोहर जोशी एवं एम.आई.टी. के कार्यकारी अध्यक्ष राहुल वी. कराड ने शिक्षा के क्षेत्र में डा. गाँधी के योगदान की भूरि-भूरि प्रशंसा की।

            इस अवसर पर डा. गाँधी ने सम्मान हेतु आभार प्रकट करते हुए कहा कि सिटी मोन्टेसरी स्कूल ने आज विश्व मानचित्र पर जो स्थान बनाया है, वह संस्था की कर्तव्यनिष्ठ प्रधानाचार्याओं, शिक्षकों एवं कार्यकर्ताओं की बदौलत ही संभव हो सका है। डा. गाँधी ने आगे कहा कि कोरोना काल में भी सी.एम.एस. शिक्षक विद्यालय के 56 हजार बच्चों को आॅनलाइन गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए दिन-रात अथक परिश्रम कर रहे हैं।

Comments

Popular posts from this blog

आत्मा अजर अमर है! मृत्यु के बाद का जीवन आनन्द एवं हर्षदायी होता है!

-आध्यात्मिक लेख  आत्मा अजर अमर है! मृत्यु के बाद का जीवन आनन्द एवं हर्षदायी होता है! (1) मृत्यु के बाद शरीर मिट्टी में तथा आत्मा ईश्वरीय लोक में चली जाती है :विश्व के सभी महान धर्म हिन्दू, बौद्ध, ईसाई, मुस्लिम, जैन, पारसी, सिख, बहाई हमें बताते हैं कि आत्मा और शरीर में एक अत्यन्त विशेष सम्बन्ध होता है इन दोनों के मिलने से ही मानव की संरचना होती है। आत्मा और शरीर का यह सम्बन्ध केवल एक नाशवान जीवन की अवधि तक ही सीमित रहता है। जब यह समाप्त हो जाता है तो दोनों अपने-अपने उद्गम स्थान को वापस चले जाते हैं, शरीर मिट्टी में मिल जाता है और आत्मा ईश्वर के आध्यात्मिक लोक में। आत्मा आध्यात्मिक लोक से निकली हुई, ईश्वर की छवि से सृजित होकर दिव्य गुणों और स्वर्गिक विशेषताओं को धारण करने की क्षमता लिए हुए शरीर से अलग होने के बाद शाश्वत रूप से प्रगति की ओर बढ़ती रहती है। (2) सृजनहार से पुनर्मिलन दुःख या डर का नहीं वरन् आनन्द के क्षण है : (2) सृजनहार से पुनर्मिलन दुःख या डर का नहीं वरन् आनन्द के क्षण है :हम आत्मा को एक पक्षी के रूप में तथा मानव शरीर को एक पिजड़े के समान मान सकते है। इस संसार में रहते हुए

लखनऊ में स्मारक समिति कर्मचारियों का जोरदार प्रदर्शन

लखनऊ में स्मारक समिति कर्मचारियों का जोरदार प्रदर्शन स्मारक कर्मचारियों ने किया कार्य बहिष्कार कर्मचारियों ने विधानसभा घेराव का किया ऐलान जानिए किन मांगों को लेकर चल रहा है प्रदर्शन लखनऊ 2 जनवरी 2024 लखनऊ में स्मारक समिति कर्मचारियों का जोरदार प्रदर्शन स्मारक कर्मचारियों ने किया कार्य बहिष्कार और कर्मचारियों ने विधानसभा घेराव का भी है किया ऐलान इनकी मांगे इस प्रकार है पुनरीक्षित वेतनमान-5200 से 20200 ग्रेड पे- 1800 2- स्थायीकरण व पदोन्नति (ए.सी.पी. का लाभ), सा वेतन चिकित्सा अवकाश, मृत आश्रित परिवार को सेवा का लाभ।, सी.पी. एफ, खाता खोलना।,  दीपावली बोनस ।

भगवान चित्रगुप्त व्रत कथा पुस्तक का भव्य विमोचन

भगवान चित्रगुप्त व्रत कथा पुस्तक का भव्य विमोचन लखनऊ, जुलाई 2023, अयोध्या के श्री धर्महरि चित्रगुप्त मंदिर में भगवान चित्रगुप्त व्रत कथा पुस्तक का भव्य विमोचन  किया गया। बलदाऊजी द्वारा संकलित तथा सावी पब्लिकेशन लखनऊ द्वारा प्रकाशित इस पुस्तक का विमोचन संत शिरोमणी श्री रमेश भाई शुक्ल द्वारा किया गया जिसमे आदरणीय वेद के शोधक श्री जगदानंद झा  जी भी उपस्थित रहै उन्होने चित्रगुप्त भगवान् पर व्यापक चर्चा की।  इस  अवसर पर कई संस्था प्रमुखो ने श्री बलदाऊ जी श्रीवास्तव को शाल पहना कर सम्मानित किया जिसमे जेo बीo चित्रगुप्त मंदिर ट्रस्ट,  के अध्यक्ष श्री दीपक कुमार श्रीवास्तव, महामंत्री अमित श्रीवास्तव कोषाध्यक्ष अनूप श्रीवास्तव ,कयस्थ संध अन्तर्राष्ट्रीय के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश खरे, अ.भा.का.म के प्रदेश अध्यक्ष श्री उमेश कुमार जी एवं चित्रांश महासभा के कार्वाहक अध्यक्ष श्री संजीव वर्मा जी के अतिरिक्त अयोध्या नगर के कई सभासद भी सम्मान मे उपस्थित रहे।  कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्था के अध्यक्ष दीपक श्रीवास्तव जी ने की एवं समापन महिला अध्यक्ष श्री मती प्रमिला श्रीवास्तव द्वारा किया गया। कार्यक्रम